अपना मिलान तो

अपना मिलान तो होना ही था |
दिल तेरे यहाँ खोना ही था |

वो दौर एक मज़ाक ही तो था,
वो एक सपन-सलोना ही था |

बहुत कटी थी नागवार,
तेरी गोद में सोना ही था |

फ़ेंक ही दिया ना आखिर,
ये जिस्म एक खिलौना ही था |

डूब गया गंगा में मैं,
अपने पापों को धोना ही था |

दो आयी थी ज़िंदगी में अजब,
दोनों ने समझा खिलौना ही था |

 

Thank you very much!

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s